कोरबा से इस वक्त कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करती एक सनसनीखेज खबर सामने आ रही है

कोरबा
सरोज रात्रे
उरगा थाना क्षेत्र के कोथारी नाका के पास खुलेआम चाकूबाजी की घटना ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है।
बताया जा रहा है कि मामूली सी बात—चिकन पकोड़ा खाने के दौरान हुई बहस—इतनी बढ़ गई कि एक युवक पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया गया।
यह घटना बीती देर शाम की है, जहां दो गुटों के बीच पहले कहासुनी हुई, फिर गाली-गलौज और उसके बाद चाकूबाजी।
जानकारी के मुताबिक एक गुट ग्राम सारागांव का है, जबकि दूसरा गुट फरसवानी का बताया जा रहा है।
सारागांव निवासी युवक अपने रिश्तेदार के यहां कोथारी आया हुआ था और चौक में चिकन पकोड़ा खा रहा था।
इसी दौरान फरसवानी के युवकों से विवाद शुरू हुआ, जो देखते ही देखते हिंसक हो गया।
फरसवानी निवासी युवक ने सारागांव के युवक पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
घायल युवक को तत्काल कोरबा जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है।
उरगा थाना प्रभारी राजेश तिवारी ने घटना की पुष्टि की है, लेकिन सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि
इतनी गंभीर वारदात के बावजूद आरोपी युवक अब तक पुलिस गिरफ्त से बाहर है।
कोरबा जिले में लगातार सामने आ रही चाकूबाजी की घटनाएं यह सवाल खड़ा कर रही हैं—
क्या अपराधियों में अब कानून का डर खत्म हो चुका है?
अब निगाहें उरगा पुलिस पर टिकी हैं…
क्या आरोपी जल्द गिरफ्तार होगा, या फिर यह मामला भी कागजों में सिमट कर रह जाएगा?
जनता जवाब चाहती है… और वो भी तुरंत।




