सुकली चौक हादसे के बाद बड़ा एक्शन: AIG ट्रैफिक ने किया स्पॉट निरीक्षण, हाईवे सुरक्षा में बड़े बदलाव की तैयारी

रिपोर्टर — दीपक यादव
लोकेशन — जांजगीर–चांपा
जांजगीर–चांपा।
25 नवंबर की रात हाईवे रोड सुकली चौक पर हुए दर्दनाक सड़क हादसे के बाद आज अंतर्विभागीय टीम ने मौके का विस्तृत निरीक्षण किया। इस भीषण हादसे में स्कॉर्पियो और तेज़ रफ़्तार ट्रक की टक्कर में पाँच लोगों की मौत हो गई थी। हादसे के बाद सड़क सुरक्षा और इंजीनियरिंग खामियों को लेकर उठे सवालों के बीच आज वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल की गहरी पड़ताल की।
निरीक्षण का नेतृत्व AIG ट्रैफिक PHQ रायपुर, श्री संजय शर्मा ने किया। टीम ने दुर्घटना स्थल की संरचना, ब्लाइंड स्पॉट, सड़क की स्थिति और ट्रैफिक मूवमेंट के हर पहलू का बारीकी से मूल्यांकन किया।


टीम में शामिल अधिकारी—
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) उदयन बेहार
SDM सुब्रत प्रधान
RTO गौरव साहू
SDO PWD दलगंजन साय
NH सब-इंजीनियर विजय साहू
थाना प्रभारी मणिकांत पाण्डेय
निरीक्षक लालन पटेल व यातायात स्टाफ
AIG संजय शर्मा द्वारा सुझाए गए प्रमुख सुधार—
हादसा स्थल के आसपास उगी झाड़ियों की तुरंत सफाई
कनेक्टिंग सड़कों पर स्पष्ट सांकेतिक बोर्ड लगाने
ब्लाइंड स्पॉट में दृश्यता बढ़ाने
रिफ्लेक्टर, कट मार्किंग और नाइट वॉर्निंग सिग्नल बढ़ाने
एम्बुलेंस रिस्पांस टाइम में सुधार और तेज़ कोऑर्डिनेशन
हाईवे पर एन्फोर्समेंट और सेफ्टी एजुकेशन को मजबूत करने की आवश्यकता
AIG शर्मा ने कहा—
“इंजीनियरिंग, एन्फोर्समेंट और एजुकेशन—ये तीनों मिलकर ही सड़क हादसों में कमी ला सकते हैं।”
अन्य ब्लैकस्पॉट्स का भी निरीक्षण
सिर्फ सुकली चौक ही नहीं, टीम ने जिले के अन्य दुर्घटना संभावित क्षेत्रों—
खोखरा चौक, मुनूद चौक और पुटपुरा तिराहा—का भी निरीक्षण किया।
खासकर पुखराज–पुटपुरा तिराहा में रात्रिकालीन सुरक्षा, रोड साइनेंज और ट्रैफिक मूवमेंट की विशेष समीक्षा की गई। टीम ने यहाँ कई सुधारात्मक सुझाव दिए हैं ताकि भविष्य में ऐसे हादसों पर रोक लगाई जा सके।
जिले में हो रहे लगातार निरीक्षणों से उम्मीद है कि हाईवे सुरक्षा मानकों में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा। प्रशासन उन सभी संवेदनशील पॉइंट्स पर इंजीनियरिंग और सुरक्षा अपग्रेड लागू करने की तैयारी में है, जहाँ दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति की संभावना अधिक रहती है।




