बेटियों और श्रमिक परिवारों को आर्थिक संबल: दिल्ली सरकार की दो बड़ी योजनाओं का ऐलान

दिल्ली सरकार ने सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में दो अहम फैसलों की घोषणा की है। दिल्ली सरकार ने बेटियों की शिक्षा और निर्माण श्रमिक परिवारों के बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने के उद्देश्य से नई योजनाएं लागू करने का ऐलान किया है।
पहली बड़ी घोषणा ‘दिल्ली लखपति बिटिया योजना’ को लेकर की गई है, जिसे आगामी 1 अप्रैल से लागू किया जाएगा। इस योजना के तहत राजधानी दिल्ली की बेटियों के नाम पर जन्म से लेकर स्नातक (ग्रेजुएशन) स्तर तक कुल ₹56,000 की राशि चरणबद्ध तरीके से उनके खाते में जमा की जाएगी।
सरकार का कहना है कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य बेटियों की शिक्षा को प्रोत्साहन देना, ड्रॉपआउट की दर को कम करना और भविष्य में उनकी आर्थिक आत्मनिर्भरता सुनिश्चित करना है। योजना से खासतौर पर आर्थिक रूप से कमजोर और मध्यम वर्ग के परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा।
दूसरी ओर, दिल्ली सरकार ने निर्माण श्रमिकों के बच्चों के लिए भी बड़ी राहत का ऐलान किया है। सरकार ने 15,000 से अधिक श्रमिक परिवारों के बच्चों को छात्रवृत्ति देने के लिए ₹12.40 करोड़ की सहायता राशि जारी की है। यह राशि सीधे लाभार्थियों तक पहुंचाई जाएगी, ताकि बच्चों की पढ़ाई आर्थिक कारणों से बाधित न हो।
सरकार का मानना है कि इससे श्रमिक वर्ग के बच्चों को शिक्षा में समान अवसर मिलेंगे और वे बेहतर भविष्य की ओर कदम बढ़ा सकेंगे।
कुल मिलाकर, दिल्ली सरकार के ये फैसले शिक्षा, सामाजिक न्याय और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम माने जा रहे हैं, जिससे राजधानी के हजारों परिवारों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।




