जवाहर नवोदय विद्यालय चिस्दा में कलेक्टर का औचक निरीक्षण — छात्रों से संवाद, शिक्षा गुणवत्ता पर जोर

सक्ती
जिले के कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री अमृत विकास तोपनो ने आज जवाहर नवोदय विद्यालय चिस्दा का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विद्यालय की शैक्षणिक, आवासीय और प्रशासनिक व्यवस्थाओं का गहन अवलोकन किया और सीधे विद्यार्थियों से संवाद कर शिक्षा की गुणवत्ता, अनुशासन और सुविधाओं की जानकारी ली।
कलेक्टर तोपनो ने विद्यालय परिसर, छात्रावास, भोजनालय, कक्षाओं और पुस्तकालय का निरीक्षण करते हुए व्यवस्था की वास्तविक स्थिति देखी। उन्होंने छात्रों से पढ़ाई, भोजन, खेलकूद और दैनिक दिनचर्या से संबंधित प्रश्न पूछे। विद्यार्थियों ने आत्मविश्वास के साथ उत्तर दिए, जिससे कलेक्टर ने संतोष जताया।

निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने शिक्षकों और विद्यालय प्रबंधन को निर्देश दिए कि शिक्षण गुणवत्ता को और प्रभावी बनाने के लिए नवाचार आधारित शिक्षा पद्धतियों को अपनाया जाए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए एक सुरक्षित, स्वच्छ और प्रेरणादायक वातावरण अत्यंत आवश्यक है।
कलेक्टर तोपनो ने कहा — “विद्यालय में शिक्षा का स्तर अच्छा है, लेकिन गुणवत्ता को और बेहतर करने की दिशा में सतत प्रयास जरूरी हैं।”
उन्होंने शिक्षकों से बच्चों के साथ संवाद को और सशक्त करने की अपील की ताकि वे छात्रों की जिज्ञासाओं को समझ सकें और उन्हें सीखने के प्रति प्रेरित कर सकें। साथ ही विद्यालय की स्वच्छता और अनुशासन को लेकर उन्होंने संतोष भी व्यक्त किया।
निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ वासु जैन, अपर कलेक्टर बीरेंद्र लकड़ा, एसडीएम सक्ती अरुण सोम, विद्यालय के प्रधानाचार्य, प्रशासनिक अधिकारी और अन्य शिक्षक-कर्मचारी उपस्थित रहे।

कलेक्टर का यह औचक निरीक्षण न केवल प्रशासनिक समीक्षा का हिस्सा था, बल्कि यह विद्यार्थियों में आत्मविश्वास और शिक्षकों में जिम्मेदारी की भावना को सुदृढ़ करने का एक सकारात्मक और प्रेरणादायक कदम भी साबित हुआ।
कलेक्टर का यह दौरा शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और सुधार के प्रति प्रशासन की गंभीरता को दर्शाता है — जिससे यह उम्मीद की जा सकती है कि नवोदय जैसे प्रतिष्ठित संस्थान आने वाले समय में और भी उत्कृष्ट शैक्षणिक वातावरण प्रदान करेंगे।




