कोरबा: बालको G–9 बिल्डिंग निर्माण पर विवाद बढ़ा, डीएफओ ने रोक के बावजूद कार्य जारी रहने पर जताई चिंता

कोरबा, छत्तीसगढ़
रिपोर्टर – संगम दुबे
बालको द्वारा प्रस्तावित G–9 बिल्डिंग निर्माण को लेकर विवाद एक बार फिर गर्मा गया है। लंबे समय से विवादों में घिरे इस प्रोजेक्ट पर बुधवार को वन विभाग (DFO) की टीम अचानक साइट पर पहुंची और निर्माण कंपनी अहलूवालिया को पेड़ों की नंबरिंग हटाने को लेकर फटकार लगाई। मौके पर विभाग ने निर्माण स्थल पर पेड़ों की नंबरिंग को दोबारा सही ढंग से कराकर पर्यावरणीय मानकों का पालन सुनिश्चित कराया।

डीएफओ कार्यालय कोरबा ने बालको और अहलूवालिया कंपनी को पत्र जारी करते हुए कहा कि जांच पूरी होने तक किसी भी प्रकार के निर्माण कार्य पर रोक रहे। पत्र में उल्लेख किया गया कि यह कार्रवाई पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल और स्थानीय पार्षदों की शिकायतों के आधार पर की गई है।
स्थानीय लोग और पर्यावरण प्रेमियों का आरोप है कि इस प्रोजेक्ट के लिए 170 से अधिक पेड़ों की संख्या का निर्धारण किया गया था, जिससे यह आशंका जताई गई कि बड़ी संख्या में पेड़ काटे जा सकते हैं। इसी कारण क्षेत्र में लोगों ने विरोध जताया और पर्यावरणीय नुकसान की चिंता जताई।



हालांकि, डीएफओ द्वारा पत्र जारी किए जाने और निर्माण कार्य पर रोक लगाने के आदेशों के बावजूद निर्माण स्थल पर काम जारी रहा। हाल ही में यहां भूमिपूजन कार्यक्रम भी आयोजित किया गया था, जिसमें प्रदेश के मंत्री लखनलाल देवांगन और महापौर अतिथि के रूप में शामिल हुए थे।
युवा कांग्रेस जिला अध्यक्ष राकेश पंकज ने इस मुद्दे पर सवाल उठाते हुए कहा कि डीएफओ के आदेशों के बावजूद निर्माण कार्य जारी है और निर्माण में लगी मशीनों को अब तक सीज क्यों नहीं किया गया। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर निर्माण कार्य नहीं रोका गया, तो युवा कांग्रेस उग्र आंदोलन कर सकती है।
इस प्रकार बालको G–9 प्रोजेक्ट का निर्माण विवादित बना हुआ है और पर्यावरण व स्थानीय विरोध के कारण भविष्य में इसे लेकर और तीव्र राजनीति देखने को मिल सकती है।




