वेतन कटौती और EPF घोटाले का आरोप, CSPDCL जांजगीर कार्यालय में सब-स्टेशन ऑपरेटरों का प्रदर्शन

रिपोर्टर- शुभांशु मिश्रा /लोकेशन- जांजगीर-चांपा
जांजगीर जिले में 33/11 केवी सब-स्टेशन ऑपरेटरों का सब्र अब जवाब दे गया है। वेतन से लगातार अवैध कटौती और EPF की राशि जमा नहीं किए जाने के आरोपों को लेकर ऑपरेटरों ने आज छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के जांजगीर स्थित अधीक्षण अभियंता कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया।
ऑपरेटरों का कहना है कि कई बार शिकायत के बावजूद न तो ठेकेदार पर कार्रवाई हुई और न ही उनकी समस्याओं का समाधान किया गया, जिससे कर्मचारियों में भारी आक्रोश है।

जांजगीर जिले में कार्यरत 33/11 केवी सब-स्टेशन ऑपरेटरों ने सोमवार को CSPDCL के जांजगीर कार्यालय में प्रदर्शन कर वेतन कटौती और EPF राशि जमा नहीं करने के गंभीर आरोप लगाए।
ऑपरेटरों के अनुसार ठेकेदार अभिषेक रायजादा द्वारा अगस्त 2024 में प्रत्येक कर्मचारी से 400 से 800 रुपये, सितंबर 2024 में 300 रुपये और इसके बाद अक्टूबर 2024 से नवंबर 2025 तक प्रतिमाह 250 रुपये की कटौती की गई।
कर्मचारियों ने बताया कि इस संबंध में 16 अक्टूबर 2024, 19 जून 2025, 24 दिसंबर 2025 और 6 फरवरी 2026 को लिखित शिकायतें दी गईं, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
आरोप है कि शिकायत करने के बाद दबाव बनाने के उद्देश्य से दिसंबर 2025 का वेतन भी रोक दिया गया, जिससे ऑपरेटरों के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
EPF को लेकर गंभीर आरोप:
दूसरे शिकायत पत्र में ऑपरेटरों ने बताया कि फरवरी 2024 से जुलाई 2024 तक वेतन से EPF की राशि काटी गई, लेकिन संबंधित खातों में जमा नहीं की गई। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि 2 मार्च 2026 तक समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो वे PF कमिश्नर और श्रम कार्यालय में औपचारिक शिकायत दर्ज कराएंगे।
डिमांड बाइट (टेक्स्ट
अवैध रूप से काटी गई राशि की वापसी
लंबित वेतन का तत्काल भुगतान
EPF राशि खाते में जमा
दोषी ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई
सब-स्टेशन ऑपरेटरों ने विभागीय अधिकारियों से निष्पक्ष जांच और त्वरित कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, इस पूरे मामले में अब तक विभागीय अधिकारियों का पक्ष सामने नहीं आ सका है।
अब देखना होगा कि CSPDCL प्रबंधन इस मामले में क्या कदम उठाता है या फिर कर्मचारियों को आगे आंदोलन तेज करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।




