जिला पंचायत सामान्य सभा बैठक सम्पन्न — हर घर तक जलापूर्ति, पारदर्शिता और जवाबदेही पर जोर

जांजगीर-चांपा
जिला पंचायत जांजगीर-चांपा की सामान्य सभा की बैठक आज जिला पंचायत कार्यालय के सभाकक्ष में सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष इंजी. सत्यलता आनंद मिरी ने की। इस अवसर पर उपाध्यक्ष गगन जयपुरिया, जिला पंचायत सीईओ गोकुल रावटे, जनपद पंचायत अध्यक्ष, सांसद प्रतिनिधि, विधायक प्रतिनिधि तथा सभी जिला पंचायत सदस्य एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में पूर्व में पारित प्रस्तावों की समीक्षा की गई और योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति पर विस्तार से चर्चा हुई।
अध्यक्ष ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी जिम्मेदारी और समयबद्धता से करें।
जल जीवन मिशन पर विशेष जोर
बैठक में जल जीवन मिशन की प्रगति की समीक्षा करते हुए सदस्यों ने बताया कि जिले के कई गांवों में अभी भी घरों तक नियमित पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है।
इस पर सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि प्रत्येक गांव की जलापूर्ति व्यवस्था की जिला पंचायत सदस्यों द्वारा जांच की जाएगी और यदि पाइपलाइन या वितरण में कोई गड़बड़ी पाई जाती है तो संबंधित विभाग से स्पष्टीकरण लेकर सुधारात्मक कार्रवाई की जाएगी।
अध्यक्ष इंजी. सत्यलता आनंद मिरी ने कहा —
“हर घर तक स्वच्छ जलापूर्ति सुनिश्चित करना हमारी प्राथमिकता है। किसी भी गांव में यदि जल व्यवस्था में लापरवाही पाई जाती है तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
फ्लाई ऐश व स्लैगचुरी उपयोग पर पारदर्शिता के निर्देश
बैठक में जिले में संचालित उद्योगों द्वारा फ्लाई ऐश और स्लैगचुरी के उपयोग से संबंधित पर्यावरण अनुमति प्रक्रिया की भी समीक्षा की गई। अध्यक्ष ने कहा कि इस प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता और निगरानी जरूरी है।
उन्होंने निर्देश दिए कि पर्यावरण अनुमति और अनापत्ति प्रमाणपत्र जारी करने से पहले सभी मानदंडों और दस्तावेजों की सूची सार्वजनिक की जाए, ताकि किसी प्रकार की अनियमितता की गुंजाइश न रहे।
छात्रावासों और आंगनबाड़ी केंद्रों की जांच होगी
बैठक में आदिम जाति विभाग के छात्रावासों की स्थिति पर विशेष चर्चा हुई। सदस्यों ने बताया कि कई छात्रावासों में दाखिला संख्या और वास्तविक उपस्थिति में अंतर है।
इस पर निर्णय लिया गया कि छात्रावासों की वास्तविक स्थिति की जिला पंचायत सदस्य स्थल जांच करेंगे और यदि किसी स्तर पर गड़बड़ी या अनियमितता पाई जाती है तो संबंधित अधिकारियों से राशि वसूली की जाएगी।
अध्यक्ष ने कहा कि छात्रावासों का संचालन पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ होना चाहिए ताकि बच्चों को सभी सुविधाएं समय पर मिलें।
इसी तरह आंगनबाड़ी केंद्रों में दर्ज बच्चों की संख्या और कार्यकर्ताओं की उपस्थिति पर भी चर्चा हुई। अध्यक्ष ने निर्देश दिए कि जो केंद्र समय से नहीं खुलते या जिनमें स्टाफ अनुपस्थित रहता है, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए।
स्वास्थ्य और कृषि पर भी चर्चा
स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा करते हुए अध्यक्ष ने जीवनदीप समिति की बैठकों को नियमित आयोजित करने और अस्पतालों में साफ-सफाई व बेहतर प्रबंधन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
साथ ही, आगामी धान खरीदी सीजन 2025-26 की तैयारियों पर भी विस्तृत चर्चा हुई। अध्यक्ष ने कहा कि खरीदी केंद्रों की व्यवस्था की नियमित मॉनिटरिंग की जाए ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो।
अनुपस्थित अधिकारियों पर सख्ती
बैठक से अनुपस्थित अधिकारियों के प्रति नाराज़गी व्यक्त करते हुए जिला पंचायत अध्यक्ष ने निर्देश दिए कि ऐसे सभी अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाए।
अध्यक्ष ने अंत में कहा —
“जिला पंचायत की हर बैठक का उद्देश्य जनहित के कार्यों की समीक्षा करना है। सभी विभाग योजनाओं को पारदर्शी, समयबद्ध और जनता की सुविधा को केंद्र में रखकर क्रियान्वित करें।”




