सरस्वती शिशु मंदिर चाम्पा में ‘सप्तसती’ सामाजिक अभियान का भव्य समापन

रिपोर्टर:- शुभांशु मिश्रा
लोकेशन:- चाम्पा
नगर के सरस्वती शिशु मंदिर चाम्पा में ‘सप्तसती’ सामाजिक अभियान का गरिमामय और भव्य समापन हुआ। यह कार्यक्रम किसी धार्मिक अनुष्ठान के रूप में नहीं, बल्कि एक व्यापक सामाजिक जागरण अभियान के रूप में आयोजित किया गया।
उल्लेखनीय है कि सरस्वती शिक्षा संस्थान के निर्देश पर यह अभियान पिछले चार माह से पूरे छत्तीसगढ़ प्रांत में संचालित हो रहा था, जिसका समापन चाम्पा में उत्साह और उल्लास के साथ किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नारी सशक्तिकरण, परिवार प्रबोधन, सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण को बढ़ावा देना रहा। समापन कार्यक्रम में कुल 170 महिलाओं ने सक्रिय भागीदारी निभाई और सामाजिक विषयों पर गंभीर चिंतन-मनन किया।


समापन अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. धनेश्वरी जागृति, हंसा राठी, डॉ. मीनाक्षी चंद्रा और दिव्या चंदेल उपस्थित रहीं।
डॉ. धनेश्वरी जागृति ने कहा कि नारी केवल परिवार की संरक्षक नहीं, बल्कि समाज परिवर्तन की आधारशिला है।
हंसा राठी ने सामाजिक समरसता और पारिवारिक एकता में महिलाओं की भूमिका को निर्णायक बताया।
डॉ. मीनाक्षी चंद्रा ने संयुक्त परिवार व्यवस्था को संस्कारों की प्रथम पाठशाला बताते हुए सामाजिक संवाद पर जोर दिया।
वहीं दिव्या चंदेल ने महिलाओं को आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम के दौरान चार माह की यात्रा का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया, जिसमें प्रांत भर में आयोजित बैठकों, गतिविधियों और जनजागरण अभियानों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का संचालन ललिता तिवारी ने किया, प्रतिवेदन दयामती यादव ने प्रस्तुत किया और अंत में नीरा आदित्य ने आभार प्रदर्शन किया।
चाम्पा में हुआ यह समापन कार्यक्रम केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि संगठित नारी शक्ति की सामाजिक भूमिका को सशक्त रूप से रेखांकित करने वाला प्रेरणास्रोत बनकर सामने




