सक्ती नगर की जमीनी हकीकत—आज़ादी के 75 साल बाद भी वार्ड 03 पक्की सड़क से महरूम50 लाख की स्वीकृति के बाद भी काम शुरू नहीं, महिलाएँ पहुँचीं नपा दफ्तर

रिपोर्टर – ऋषि वैष्णव
लोकेशन -सक्ति
विकास के दावों के बीच नगर पालिका क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 03 की तस्वीर बिल्कुल उलट है। आज़ादी के 75 वर्षों बाद भी यहां के बाशिंदे पक्की सड़क जैसी मूलभूत सुविधा के इंतज़ार में हैं। बारिश हो या गर्मी—कीचड़, धूल और बदहाली इस वार्ड की पहचान बन चुकी है।
इसी बदहाल स्थिति से नाराज़ बड़ी संख्या में महिलाएँ 10 दिसंबर को नगर पालिका कार्यालय पहुँचीं। उन्होंने सड़क निर्माण की प्रगति पर सवाल खड़े करते हुए जिम्मेदार अधिकारियों से जवाब मांगा।
महिलाओं ने बताया कि कलेक्टर द्वारा लगभग 50 लाख रुपये की सड़क निर्माण राशि महीनों पहले स्वीकृत की जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद न tender प्रक्रिया पूरी हुई, न ही निर्माण एजेंसी तय की गई। आरोप है कि महीनों बीत जाने के बाद भी काम का नामोनिशान नहीं दिखना सीधी-सीधी प्रशासनिक उदासीनता की ओर इशारा करता है।


स्थानीय महिलाओं ने न्यूजरूम से बातचीत में कहा कि बरसात के दिनों में सड़क दलदल बन जाती है और गर्मियों में उड़ती धूल से लोगों का जीना मुश्किल हो जाता है। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक—हर किसी की जिंदगी इस सड़क ने परेशान कर रखी है। कई मौकों पर एम्बुलेंस तक वार्ड के अंदर नहीं पहुँच पाती।
वार्डवासियों का कहना है कि “सक्ती नगर का यह वार्ड अबूझमाड़ जैसा बन चुका है,” जहाँ विकास के नाम पर सिर्फ आश्वासन मिले हैं, हकीकत नहीं। ऐसे में नगर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।

महिलाओं ने नपा कार्यालय में ज्ञापन सौंपकर सड़क निर्माण कार्य जल्द शुरू करने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि कार्रवाई में देरी जारी रही, तो वार्डवासी आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे।
उधर, नगर पालिका प्रशासन का कहना है कि सड़क निर्माण से संबंधित फाइल प्रक्रिया में है और कार्य शीघ्र प्रारंभ किया जाएगा।
अब देखना यह होगा कि वर्षों से सड़क की प्रतीक्षा कर रहे वार्ड क्रमांक 03 के लोग आखिर कब अपने हक की पक्की सड़क पर चल पाएँगे।




