टोकन नहीं, तो धान नहीं!धान खरीदी अव्यवस्था पर किसानों का फूटा गुस्सा, कांग्रेस ने किया तहसील कार्यालय का घेराव

रिपोर्टर – दीपक यादव
लोकेशन – जांजगीर-चांपा
दिनांक – 28 जनवरी 2026
छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में धान खरीदी व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है।
टोकन नहीं कटने के कारण किसान अपने खून-पसीने से उगाए धान को बेचने से वंचित हैं।
इस गंभीर समस्या को लेकर आज किसानों का आक्रोश सड़कों पर देखने को मिला, जब शहर कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में चांपा तहसील कार्यालय के सामने जोरदार धरना-प्रदर्शन किया गया और एटीएम कार्यालय का घेराव किया गया।
जांजगीर-चांपा जिले के धान खरीदी केंद्रों में टोकन नहीं कटने से किसान बेहद परेशान हैं।
कई दिनों से किसान उपार्जन केंद्रों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन टोकन व्यवस्था ठप होने के कारण उनका धान नहीं खरीदा जा रहा है।
इस अव्यवस्था से नाराज़ किसानों के समर्थन में मंगलवार को शहर कांग्रेस कमेटी ने चांपा तहसील कार्यालय के सामने जोरदार धरना-प्रदर्शन किया।


धरना-प्रदर्शन में विधायक बालेश्वर साहू, जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश अग्रवाल, शहर कांग्रेस अध्यक्ष सुनील साधवानी, कांग्रेस प्रवक्ता नागेंद्र गुप्ता, गुलजार सिंह सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और किसान मौजूद रहे।
प्रदर्शनकारियों ने एटीएम कार्यालय का घेराव कर शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और धान खरीदी व्यवस्था को तत्काल सुधारने की मांग की।
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि टोकन प्रणाली की अव्यवस्था के चलते किसान मानसिक और आर्थिक रूप से टूट चुके हैं।
नेताओं का कहना है कि किसान अपनी उपज लेकर दिन-रात केंद्रों में बैठे हैं, लेकिन शासन की लापरवाही के कारण उनकी मेहनत का उचित मूल्य नहीं मिल पा रहा है।
कांग्रेस ने स्पष्ट मांग की कि किसानों का एक-एक दाना धान खरीदा जाए,
टोकन काटने की प्रक्रिया तत्काल शुरू की जाए
और धान खरीदी को सुचारू रूप से संचालित किया जाए।
नेताओं ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रशासन ने जल्द ही किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं किया,
तो कांग्रेस किसानों के हित में उग्र आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेगी।




