प्रथम राष्ट्रीय रोवर–रेंजर जम्बूरी का शुभारंभ, राज्यपाल बोले – यही हैं भारत का भविष्य

जिला: बालोद
लोकेशन: ग्राम दूधली, जिला बालोद
रिपोर्टर: के. पी. चंद्राकर
छत्तीसगढ़ के बालोद जिले से आज एक ऐतिहासिक और प्रेरणादायक शुरुआत हुई है।
ग्राम दूधली में आज से प्रथम राष्ट्रीय रोवर–रेंजर जम्बूरी का विधिवत आगाज हो गया है।
इस भव्य आयोजन का उद्घाटन राज्यपाल महोदय ने दीप प्रज्वलन कर किया।
उद्घाटन समारोह में देश के कोने–कोने से पहुंचे रोवर–रेंजर्स का जोश, अनुशासन और समर्पण देखते ही बन रहा था।
राज्यपाल ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि रोवर–रेंजर ही भारत का भविष्य हैं, जो सेवा, अनुशासन और नेतृत्व के जरिए समाज को मजबूत आधार प्रदान करते हैं।
उन्होंने छत्तीसगढ़ को इस पहले राष्ट्रीय जम्बूरी की मेजबानी मिलने पर बधाई दी और इसे राज्य के लिए गौरव का क्षण बताया।
जम्बूरी के पहले दिन प्रशिक्षण सत्र, परिचय कार्यक्रम और सेवा गतिविधियों की रूपरेखा प्रस्तुत की गई।
देश के विभिन्न राज्यों से आई टुकड़ियों ने अपनी–अपनी सांस्कृतिक पहचान के साथ सहभागिता दर्ज कराई।
यह जम्बूरी युवाओं को आत्मनिर्भर, जिम्मेदार और संवेदनशील नागरिक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
बालोद की धरती से शुरू हुआ यह आयोजन आने वाले दिनों में राष्ट्रीय स्तर पर युवाओं के लिए प्रेरणा बनेगा।




