भारत ने पेश किया किफायती CRISPR आधारित सिकल सेल उपचार, ग्रामीण क्षेत्रों के लिए नई उम्मीद

नई दिल्ली, 16 दिसंबर 2025 — सरकार ने संसद में जानकारी दी कि भारत ने घरेलू स्तर पर विकसित CRISPR आधारित नया उपचार पेश किया है, जो सिकल सेल एनीमिया जैसी विरासत में मिलने वाली गंभीर बीमारी का सस्ती लागत वाला इलाज प्रदान करेगा। इस तकनीक से विशेषकर ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में रोगियों को लाभ मिलेगा, जहां पहले उच्च लागत और सीमित सुविधाओं के कारण इलाज मुश्किल था।
सिकल सेल एनीमिया के मरीज अक्सर बाल्यकाल में गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करते हैं। नए CRISPR आधारित उपचार से रक्त कोशिकाओं में जीन एडिटिंग करके बीमारी के लक्षणों को नियंत्रित किया जा सकता है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इस कार्यक्रम के तहत स्क्रीनिंग, इलाज और परामर्श को व्यापक स्तर पर लागू किया जाएगा, ताकि बीमारी की जल्दी पहचान और प्रभावी उपचार संभव हो सके।
सरकार का लक्ष्य है कि 2047 तक सिकल सेल रोग को लगभग समाप्त किया जाए, और इस दिशा में यह पहल महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। विशेषज्ञों का कहना है कि यह तकनीक न केवल उच्च गुणवत्ता वाली चिकित्सा सेवा प्रदान करेगी, बल्कि देश में अनुसंधान और विकास को भी बढ़ावा देगी।
मुख्य बिंदु:
भारत ने CRISPR आधारित सिकल सेल एनीमिया उपचार विकसित किया
यह उपचार किफायती और ग्रामीण क्षेत्रों में उपयोगी
स्वास्थ्य मंत्रालय ने स्क्रीनिंग और परामर्श कार्यक्रम का विस्तार किया
केंद्र का लक्ष्य: सिकल सेल मुक्त भारत 2047
विशेष महत्व:
ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों के रोगियों को सुलभ और किफायती उपचार मिलेगा
देश की जीन एडिटिंग अनुसंधान क्षमता में वृद्धि
गंभीर विरासत में मिलने वाली बीमारी के नियंत्रण में बड़ा कदम




