केशकाल भी छत्तीसगढ़ का हिस्सा है, सड़कों पर आकर देखें साय सरकार,दीपक बैज का सड़क पर बाइक चलाकर विरोध प्रदर्शन

कोण्डागांव
केशकाल की जर्जर सड़कों पर उतरे पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज
छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने आज बस्तर प्रवास के दौरान केशकाल की जर्जर सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया।
बैज ने नेशनल हाईवे-30 की बदहाल स्थिति को लेकर नाराज़गी जताई और खुद बाइक चलाकर केशकाल की सड़कों की हालत जनता के सामने रखी।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय अच्छी सड़कों पर बाइक चलाकर विकास मॉडल दिखाने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि बस्तर की सड़कों की हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है।
“बस्तर के खनिज का दोहन हो रहा, पर सड़कें अब भी खस्ताहाल”
दीपक बैज ने कहा कि बस्तर प्रदेश का अभिन्न हिस्सा है, लेकिन यहां के विकास को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है।
“साय सरकार को याद रखना चाहिए कि केशकाल भी छत्तीसगढ़ का हिस्सा है। बस्तर के खनिज संपदा का दोहन तो हो रहा है, लेकिन यहां की जनता आज भी टूटी सड़कों पर सफर करने को मजबूर है।”
— दीपक बैज, अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी
बैज ने आगे कहा कि यदि आने वाले दिनों में सड़कों की स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो कांग्रेस उग्र आंदोलन करने को मजबूर होगी।


सांकेतिक प्रदर्शन से बढ़ाया जनता का मुद्दा
कांग्रेस अध्यक्ष ने बताया कि यह प्रदर्शन फिलहाल सांकेतिक है, जिसका उद्देश्य सरकार का ध्यान इस गंभीर समस्या की ओर आकर्षित करना है।
उन्होंने कहा कि सरकार बस्तर को विकास की झूठी तस्वीर दिखाकर रोल मॉडल बताने की कोशिश कर रही है, जबकि सच्चाई यह है कि यहां की सड़कें लोगों की परेशानी और प्रशासन की उदासीनता का प्रतीक बन चुकी हैं।
स्थानीय जनता में नाराजगी
केशकाल क्षेत्र के लोगों ने बताया कि लंबे समय से सड़कों की मरम्मत नहीं की गई है। कई जगहों पर गड्ढे गहराई तक भर चुके हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है।
दीपक बैज के इस विरोध के बाद अब लोगों को उम्मीद है कि सरकार इस दिशा में जल्द कदम उठाएगी।
दीपक बैज का यह बाइक विरोध प्रदर्शन न केवल सड़क मरम्मत के मुद्दे को उठाने का प्रयास है, बल्कि यह संदेश भी देता है कि बस्तर की मूलभूत समस्याएं अब राजनीतिक विमर्श का हिस्सा बन रही हैं।
अब देखना यह होगा कि साय सरकार इस सड़क संकट पर कब तक चुप्पी साधे रहती है।



