सक्ती में बड़ी कार्रवाई: पशु तस्करी में शामिल वाहन मालिक वसीम खान गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजा गया

सक्ती, छत्तीसगढ़
सक्ती पुलिस ने पशु तस्करी के एक गंभीर मामले में बड़ी सफलता हासिल करते हुए मुख्य आरोपी एवं वाहन मालिक वसीम खान को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर के निर्देश और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरीश यादव के मार्गदर्शन में की गई।
क्या है पूरा मामला?
9 अगस्त 2025 को गौ सेवा समिति, सक्ती के अध्यक्ष मयंक सिंह ठाकुर ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि ग्राम नवापारा में राइस मिल के पीछे कुछ लोग पीकअप वाहन में गाय और बैलों को जबरन लादकर बूचड़खाने की ओर ले जा रहे हैं।
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची जहां पीकअप नंबर OD-14 AJ-2593 में 9 गौवंश भरे मिले। इनमें से एक गौवंश मृत पाया गया।
तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस ने बीएनएस की धारा 351(3) तथा
छत्तीसगढ़ कृषक पशु निवारण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)(क), 11(1)(ध)
के तहत अपराध दर्ज किया।
अब तक कितने आरोपी गिरफ्तार?
हीरालाल यादव उर्फ गदा – गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर
रवि यादव, राजू कुमार यादव, दरसराम केवटतीनों को पुलिस ने विधिवत गिरफ्तार कर कार्रवाई की।
पुलिस ने घटना में इस्तेमाल हुए पीकअप वाहन को भी जब्त कर लिया है।
मुख्य आरोपी वसीम खान कैसे पकड़ा गया?
वाहन के पंजीयन की जानकारी परिवहन विभाग से प्राप्त करने पर वाहन के मालिक वसीम पिता सुफीक आलम, निवासी गुडगुड़जोर, संतोषनगर (जिला सुंदरगढ़, ओडिशा) के नाम से रजिस्टर्ड पाया गया।
वसीम घटना के बाद से लगातार फरार था।
13 नवंबर 2025 को पुलिस ने उसके संभावित ठिकानों पर दबिश देकर उसे गिरफ्तार किया।
पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि वह अपने साथी तस्करों के साथ गौवंश खरीदकर उन्हें बूचड़खाने तक पहुंचाने और लाभ कमाने के लिए वाहन उपलब्ध कराता था।
पुलिस की ओर से क्या कहा गया?
जांच अधिकारियों के अनुसार, पूरे प्रकरण की विवेचना में यह स्पष्ट हुआ कि वसीम खान पशु तस्करी में सीधे तौर पर सक्रिय और लाभार्थी था। साक्ष्यों के आधार पर उसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।




