रायपुर में मेडिकल चमत्कार: दिल में धँसी गोली निकालकर डॉक्टरों ने बचाई 40 वर्षीय मरीज की जान, 4 घंटे चली दुर्लभ ओपन हार्ट सर्जरी

रायपुर के अम्बेडकर अस्पताल स्थित एडवांस कार्डियक इंस्टिट्यूट ने मेडिकल इतिहास में दुर्लभ उपलब्धि दर्ज करते हुए एक बेहद जोखिमपूर्ण ओपन हार्ट सर्जरी सफलतापूर्वक पूरी की। 40 वर्षीय घायल व्यक्ति के शरीर में घुसी गोली फेफड़ों को पार कर सीधे हृदय के दाहिने वेंट्रिकल में जा अटक गई थी, जिससे उसकी जान को गंभीर खतरा पैदा हो गया था।
डॉक्टरों ने बताया कि ऑपरेशन से पहले सबसे बड़ी चुनौती दिल की मांसपेशी में फंसी गोली की लोकेशन को सटीक रूप से ढूंढना था। टीम को कई बार डिजिटल एक्स-रे की मदद लेनी पड़ी, ताकि गोली की सही पोज़िशन को ट्रेस किया जा सके।
इसके बाद हार्ट सर्जरी टीम ने हार्ट-लंग मशीन पर मरीज के दिल की धड़कन रोककर, राइट एट्रियम से होते हुए ट्राइकस्पिड वाल्व के पार पहुंचकर उस गोली को बाहर निकाला। यह प्रक्रिया अत्यंत जोखिमपूर्ण मानी जाती है और अत्यधिक विशेषज्ञता की मांग करती है।

करीब 4 घंटे तक चली सर्जरी के दौरान 7 यूनिट ब्लड ट्रांसफ्यूजन भी किया गया। डॉक्टरों का कहना है कि छत्तीसगढ़ ही नहीं, बल्कि पूरे सेंट्रल इंडिया में यह संभवतः पहला मामला है, जिसमें दिल के वेंट्रिकल में धंसी गोली सफलतापूर्वक निकाली गई हो और मरीज सुरक्षित बच गया हो।
फिलहाल मरीज की स्थिति स्थिर है और डॉक्टरों ने बताया है कि उसे जल्द ही डिस्चार्ज कर दिया जाएगा।




