अन्नदाता की बढ़ी मुश्किलें: डभरा सहकारी बैंक में लिंक फेल, अपने ही पैसों के लिए दर-दर भटक रहे

लोकेशन – सक्ति जिला
दिनांक – 24/01/2026
रिपोर्टर – लाला उपाध्याय
सक्त्ती जिले के डभरा से किसानों की बदहाली की एक बड़ी तस्वीर सामने आ रही है, जहाँ एक तरफ किसान हाड़तोड़ मेहनत कर फसल तैयार करता है, वहीं दूसरी तरफ उसे अपने ही मेहनत की कमाई निकालने के लिए घंटों बैंक की कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है. डभरा स्थित सहकारी बैंक में पिछले दो दिनों से कामकाज पूरी तरह ठप है, जिससे किसानों का गुस्सा सातवें आसमान पर है l
दरअसल, डभरा के सहकारी बैंक में पिछले दो दिनों से ‘लिंक फेल’ होने का बहाना बनाया जा रहा है. बैंक के बाहर खड़ी किसानों की इस लंबी कतार में केवल पुरुष ही नहीं, बल्कि भारी संख्या में महिला किसान भी शामिल हैं. किसानों का आरोप है कि उन्हें हर कदम पर प्रताड़ित होना पड़ रहा है—कभी टोकन के लिए घंटों इंतजार, तो कभी धान बेचने के लिए मशक्कत. और अब जब फसल कट चुकी है, तो अपने ही पैसे निकालने के लिए उन्हें बैंक के चक्कर काटने पड़ रहे हैं l


किसानों की स्थिति बद से बदतर होती जा रही है.मंडियों में धान बेच चुके है, ऐसे में किसानों को ट्रैक्टर और हार्वेस्टर मालिकों को भुगतान करना है, साथ ही मजदूरों की मजदूरी भी देनी है. कर्जदार घर पर तगादा कर रहे हैं, लेकिन बैंक है कि ‘लिंक फेल’ और ‘कैश नहीं है’ का बोर्ड लगाकर अपना पल्ला झाड़ रहा है. सुबह से भूखे-प्यासे आए किसान शाम को खाली हाथ घर लौटने को मजबूर हैं l
किसानों की मांग है कि सरकार और प्रशासन इस ओर तुरंत ध्यान दे. उन्हें समय पर और पर्याप्त मात्रा में नकदी उपलब्ध कराई जाए ताकि वे अपने खेती-किसानी के खर्चों और देनदारियों को समय पर पूरा कर सकें l
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस तकनीकी खामी को कब तक दूर करता है और इन अन्नदाताओं को उनकी मेहनत का पैसा कब नसीब होता है l




