
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने जारी की कड़ी चेतावनी — “OTP शेयर किए तो पहचान और वोटर डेटा दोनों खतरे में!”**
रायपुर, 20 नवंबर 2025
छत्तीसगढ़ में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान एक नई साइबर ठगी का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। इसी को देखते हुए मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, छत्तीसगढ़ ने सभी नागरिकों और मतदाताओं को सख्त सुरक्षा अलर्ट जारी किया है।
क्या है नया खतरा?
साइबर ठग SIR फॉर्म भरने के नाम पर लोगों के मोबाइल पर कॉल कर रहे हैं और कह रहे हैं—
“आपके SIR फॉर्म से जुड़ा OTP आया है, वह हमें बता दीजिए।”
इसी OTP के जरिए ठग मोबाइल नंबर बदलवा लेते हैं या डिजिटल ठगी को अंजाम देते हैं।
सबसे बड़ी बात — SIR फॉर्म भरने में OTP की ज़रूरत ही नहीं!
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया:
BLO आपसे कभी OTP नहीं मांगते।
फॉर्म भरने की पूरी प्रक्रिया बिना OTP के होती है।
कोई भी अधिकारी, कर्मचारी या कॉलर अगर OTP मांगे → वह ठग है।
नागरिकों के लिए जरूरी गाइडलाइन
OTP शेयर न करें – चाहे कोई भी क्यों न मांगे
अगर कोई कहता है कि “SIR फॉर्म अपडेट करना है, OTP भेजिए” →
तुरंत मना करें और फोन काट दें।
सीधे BLO से ही बात करें
कॉलर को साफ शब्दों में कहें—
“मैं कार्यालय या BLO से ही संपर्क करूँगा।”
दबाव, डराने या धमकाने पर — तुरंत पुलिस को सूचना दें
अगर कोई जबरन OTP मांग रहा है या डराने की कोशिश कर रहा है,
तो तुरंत पुलिस में शिकायत करें।
क्यों बढ़ रही है यह ठगी?
देशभर में SIR फॉर्म भरने के दौरान कई राज्यों की पुलिस ने चेतावनी जारी की है कि ठग इसी प्रक्रिया का हवाला देकर लोगों का मोबाइल नंबर, पहचान और डिजिटल प्रोफाइल हैक करने की कोशिश कर रहे हैं।
अंतिम अपील — “आपकी सतर्कता ही आपकी सुरक्षा”
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने नागरिकों से कहा है—
“SIR फॉर्म भरना सुरक्षित है, लेकिन OTP ठगों से सावधान रहना अनिवार्य है।
OTP किसी को न दें — यही आपकी डिजिटल सुरक्षा और आपकी पहचान की रक्षा है।”




