शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला रसौटा की नवाचारी शिक्षिका सरोज मंजही दाहिरे ने बदली स्कूल की तस्वीरसम्मान की राशि और वेतन से किया विद्यालय का कायाकल्प

पामगढ़, जांजगीर-चांपा
शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला रसौटा की प्रभारी प्रधानपाठिका एवं नवाचारी शिक्षिका श्रीमती सरोज मंजही दाहिरे ने अपने समर्पित प्रयासों से विद्यालय को नई पहचान दी है। मुख्यमंत्री गौरव अलंकरण ज्ञानदीप पुरस्कार से सम्मानित सरोज मैडम ने अपने सम्मान की राशि ₹7000 के साथ अपने वेतन से भी राशि खर्च कर विद्यालय को आकर्षक, सुंदर और प्रेरणादायक रूप प्रदान किया है।



उनका उद्देश्य विद्यालय को ऐसा शैक्षणिक वातावरण देना है, जहां विद्यार्थी, पालक और समुदाय का जुड़ाव मजबूत हो तथा अन्य विद्यालय भी इससे प्रेरित हों। उन्होंने बताया कि इस कार्य की प्रेरणा और मार्गदर्शन उन्हें पामगढ़ के सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी जयराम सारथी और राकेश सोनी से मिला।



सरोज मैडम ने विद्यालय एवं संकुल रसौटा के सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं, संकुल प्राचार्य, शैक्षिक समन्वयकों, SMC सदस्यों, जनप्रतिनिधियों, पालकों और विद्यार्थियों को इस उपलब्धि का श्रेय दिया है।
साथ ही आकर्षक पेंटिंग व सौंदर्यीकरण कार्य के लिए उन्होंने पेंटर संतोष बघेल (लोहर्षी), राजू आर्ट (ससहा) और रंजीत आर्ट ग्रुप पामगढ़ का विशेष आभार व्यक्त किया।



