धान उपार्जन केंद्र देवरी में किसानों से छल,वजन में गड़बड़ी और अवैध वसूली के गंभीर आरोप

रिपोर्टर – दयाशंकर यादव
लोकेशन – बलरामपुर (कुसमी विकासखंड)
बलरामपुर जिले के कुसमी विकासखंड स्थित धान उपार्जन केंद्र देवरी से किसानों के साथ हो रहे अन्याय का गंभीर मामला सामने आया है। शासन की गाइडलाइन को दरकिनार करते हुए यहां किसानों से तय मानक से अधिक धान लिया जा रहा है और हमाली के नाम पर अवैध वसूली किए जाने के आरोप लग रहे हैं। हालात तब और चिंताजनक नजर आए जब हमारी टीम ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्थाओं की हकीकत देखी।
धान उपार्जन केंद्र देवरी में किसानों के लिए बुनियादी सुविधाओं का घोर अभाव है। केंद्र पर न तो बैठने की समुचित व्यवस्था है, न पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध है और न ही शेड या फसल सुरक्षित रखने के लिए कोई उचित इंतजाम किया गया है। किसानों को घंटों कतार में खड़े रहकर अपनी उपज बेचने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
किसानों ने धान के वजन में गंभीर अनियमितता का आरोप लगाया है। शासन की गाइडलाइन के अनुसार प्रति बोरी 40 किलो 700 ग्राम धान लिया जाना निर्धारित है, लेकिन उपार्जन केंद्र पर 41 किलो 200 ग्राम तक धान लिया जा रहा है। विरोध करने पर किसानों की बोरी लौटा दिए जाने की शिकायत भी सामने आई है।

इसके अलावा हमाली के नाम पर प्रति बोरी 12 रुपए की अवैध वसूली किए जाने का भी आरोप है, जबकि शासन के निर्देशों में किसानों से किसी भी प्रकार की राशि लेने का प्रावधान नहीं है। इस तरह की वसूली वर्षों से किए जाने की बात कही जा रही है, जिससे किसानों पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है।
जब इस पूरे मामले पर जिम्मेदार नोडल अधिकारी से बात की गई तो उन्होंने मामले की जानकारी न होने की बात कहते हुए मौके पर जाकर जांच करने का आश्वासन दिया है। धान उपार्जन केंद्र देवरी में फैली अव्यवस्थाओं ने प्रशासन और खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि प्रशासन कब तक इस मामले में ठोस कार्रवाई कर किसानों को राहत देता है।




