परीक्षा के बीच ड्रिल मशीन की गूंज, छात्रों की पढ़ाई प्रभावित

लोकेशन: जांजगीर-चांपा
रिपोर्टर: जय ठाकुर
जांजगीर-चांपा में बोर्ड परीक्षा की तैयारियों के बीच ध्वनि प्रदूषण छात्रों के लिए बड़ी परेशानी बनता जा रहा है। 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा नजदीक है और विद्यार्थी पूरे मनोयोग से पढ़ाई में जुटे हैं, लेकिन तेज आवाज वाली ड्रिल मशीनों ने उनकी एकाग्रता भंग कर दी है।
शहर के शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर स्थित आवासीय क्षेत्र में रहने वाले अभिभावक महेन्द्र प्रताप सिंह ने इस गंभीर समस्या को लेकर जिला कलेक्टर को आवेदन सौंपा है। उन्होंने परीक्षा अवधि के दौरान निर्माणाधीन पानी टंकी में चल रही भारी ड्रिल मशीन पर रोक लगाने की मांग की है।
बताया गया है कि पुराना हॉस्पिटल कॉलोनी के समीप पानी टंकी का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। खुदाई और तोड़फोड़ के लिए बड़ी ड्रिल मशीनों का उपयोग किया जा रहा है, जिससे निकलने वाली तेज ध्वनि तरंगें आसपास के घरों तक पहुंच रही हैं। इसका सीधा असर छात्रों की पढ़ाई पर पड़ रहा है।
अभिभावक के अनुसार उनकी पुत्री कक्षा 10वीं और 12वीं की छात्रा है, जिनकी बोर्ड परीक्षाएं 21 फरवरी 2026 से प्रारंभ हो रही हैं। लगातार मशीनों की आवाज से पढ़ाई में ध्यान लगाना मुश्किल हो गया है और परीक्षा की तैयारी प्रभावित हो रही है।
अभिभावक ने प्रशासन से मांग की है कि परीक्षा अवधि के दौरान निर्माण कार्य में उपयोग की जा रही भारी मशीनों पर अस्थायी प्रतिबंध लगाया जाए या फिर समय निर्धारित कर निर्माण कराया जाए, ताकि छात्रों को पढ़ाई के लिए शांत माहौल मिल सके।
अब देखना होगा कि प्रशासन विद्यार्थियों के हित को ध्यान में रखते हुए इस मामले में क्या कदम उठाता है।




