सायबर टीम और बम्हनीडीह पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से खुला 65 लाख रुपए के गबन का राज, पिता-पुत्र समेत तीन गिरफ्तार

जांजगीर-चांपा
जिले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। बम्हनीडीह थाना क्षेत्र के प्योर पेट्रोलियम पेट्रोल पंप में हुए 65 लाख रुपए के गबन के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई सायबर सेल और बम्हनीडीह थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने की है।
मामले की शुरुआत तब हुई जब पंप मालिक गगन जयपुरिया ने थाना बम्हनीडीह में शिकायत दर्ज कराई कि पंप के कर्मचारी नीरज कुमार साहू ने अपने पिता लोचन प्रसाद साहू और भाई धीरज कुमार साहू के साथ मिलकर योजनाबद्ध तरीके से लाखों रुपए का गबन किया है।
जांच में सामने आया कि आरोपी नीरज वर्ष 2022 से पंप पर कार्यरत था और बिक्री एवं बैंक लेनदेन की पूरी जिम्मेदारी उसी के पास थी। पंप मालिक का पंप पर नियमित आना-जाना नहीं था, जिसका फायदा उठाकर नीरज ने समय-समय पर रकम हेराफेरी की और धीरे-धीरे 65 लाख रुपए का गबन कर लिया।
पुलिस पूछताछ में आरोपी नीरज ने चौंकाने वाला खुलासा किया — उसने बताया कि गबन की गई रकम का अधिकांश हिस्सा जुए और सट्टे में बर्बाद कर दिया, जबकि कुछ राशि अपने पिता और भाई को ट्रैक्टर की किस्त चुकाने के लिए दी।
पुलिस ने आरोपी नीरज को रायपुर से गिरफ्तार किया, जबकि उसके पिता और भाई को बरगड़ी (थाना बम्हनीडीह) से हिरासत में लिया गया। आरोपियों के पास से ₹50,000 नकद, एक मोटरसाइकिल और एक ट्रैक्टर जब्त किया गया है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार है —
नीरज कुमार साहू (28 वर्ष)
धीरज कुमार साहू (23 वर्ष)
लोचन प्रसाद साहू (50 वर्ष)
सभी निवासी बरगड़ी, थाना बम्हनीडीह, जिला जांजगीर-चांपा
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय (IPS) के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार कश्यप के मार्गदर्शन में विशेष टीम गठित की गई थी। इस टीम का नेतृत्व SDOP चांपा यदुमनी सिदार ने किया।
टीम में सायबर सेल प्रभारी निरीक्षक सागर पाठक और थाना बम्हनीडीह प्रभारी के.पी. सिंह के साथ उनकी टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ धारा 316(4), 316(5), 61(2) BNS के तहत कार्रवाई कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है।
इस त्वरित कार्रवाई की स्थानीय स्तर पर सराहना की जा रही है। पुलिस की सक्रियता से न केवल 65 लाख रुपए के गबन का पर्दाफाश हुआ, बल्कि वित्तीय अपराधों पर सख्त कार्रवाई का स्पष्ट संदेश भी गया है।




