मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की संवेदनशील पहल से चार साल बाद पीड़ित परिवार को मिला न्याय

रिपोर्टर – दीपक वर्मा
लोकेशन – जशपुर / कुनकुरी
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर चार वर्षों से न्याय की आस लगाए बैठे एक पीड़ित परिवार के चेहरे पर आखिरकार राहत और मुस्कान लौट आई है। मामला छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले का है, जहां एक दर्दनाक हादसे के बाद पीड़ित परिवार वर्षों तक मुआवजे के लिए भटकता रहा, लेकिन कहीं सुनवाई नहीं हुई।

दरअसल, वर्ष 2021 में जशपुर जिले के कांसाबेल विकासखंड अंतर्गत पोंगरो गांव में 10 वर्षीय मासूम शिवा चौहान की खेलते समय विद्युत करंट की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई थी। इस हादसे ने पूरे परिवार को मदद के सहारे छोड़ दिया। घटना के बाद पीड़ित परिवार ने विद्युत विभाग सहित कई दफ्तरों के चक्कर लगाए, लेकिन मुआवजे के नाम पर सिर्फ आश्वासन ही मिलते रहे।

थक-हारकर जब पीड़ित परिवार मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय बगिया पहुँचा, तब जाकर उनकी पीड़ा मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय तक पहुँची। मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल अधिकारियों को जांच और कार्रवाई के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद विद्युत विभाग द्वारा मामले की विस्तृत जांच की गई और जांच पूरी होने के उपरांत मृतक बालक के परिजनों को 4 लाख रुपये मुआवजा देने की स्वीकृति प्रदान की गई।
इस दौरान मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय ने स्वयं पीड़ित परिवार को मुआवजे का चेक सौंपा। वर्षों की पीड़ा, संघर्ष और उपेक्षा के बाद जब परिवार को न्याय मिला, तो भावुक क्षण देखने को मिले। परिवार की आंखों में राहत के साथ-साथ वर्षों का दर्द भी साफ झलकता नजर आया।
पीड़ित परिवार ने भावुक होकर कहा—
“चार साल तक कहीं हमारी सुनवाई नहीं हुई, लेकिन बगिया सीएम कैंप कार्यालय ने हमारी आवाज़ सुनी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का हम जीवनभर आभार मानते रहेंगे।”
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की यह संवेदनशील पहल न सिर्फ शिवा चौहान के परिवार को न्याय दिलाने का उदाहरण बनी है, बल्कि प्रदेश के उन तमाम पीड़ित परिवारों के लिए भी उम्मीद की किरण है, जो वर्षों से न्याय की प्रतीक्षा कर रहे हैं।




