रूस-यूक्रेन युद्ध और भयानक: मिसाइल-ड्रोन हमलों से दहला यूक्रेन, शांति वार्ता अब भी अधर में

कीव / मॉस्को। यूक्रेन और रूस के बीच जारी युद्ध एक बार फिर उग्र रूप लेता नजर आ रहा है। बीते 24 घंटों में यूक्रेन के कई शहरों पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए गए हैं, जिससे रिहायशी इलाकों और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचने की खबरें सामने आई हैं। यूक्रेनी प्रशासन के अनुसार, एयर डिफेंस सिस्टम ने कई हमलों को नाकाम किया, लेकिन कुछ हमले लक्ष्यों तक पहुंचने में सफल रहे।
यूक्रेन की राजधानी कीव सहित पूर्वी और दक्षिणी क्षेत्रों में हवाई हमले के सायरन देर रात तक गूंजते रहे। कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित, आवासीय इमारतों को नुकसान और नागरिकों के हताहत होने की पुष्टि हुई है। राहत और बचाव टीमें प्रभावित क्षेत्रों में तैनात हैं।


यूरोप का समर्थन जारी
युद्ध के बीच यूरोपीय देशों ने यूक्रेन को सैन्य और आर्थिक सहायता जारी रखने का स्पष्ट संकेत दिया है। रक्षा उपकरण, गोला-बारूद और मानवीय सहायता के नए पैकेजों पर सहमति बनी है। यूरोपीय नेताओं का कहना है कि यूक्रेन की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा यूरोप की सामूहिक जिम्मेदारी है।
शांति वार्ता पर असमंजस
हालांकि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर संघर्ष विराम और शांति वार्ता की बातें हो रही हैं, लेकिन कोई ठोस समझौता अब तक सामने नहीं आया है। दोनों पक्षों की शर्तों में बड़ा अंतर होने के कारण बातचीत आगे नहीं बढ़ पा रही है। विश्लेषकों का मानना है कि मौजूदा हालात में युद्धविराम की राह कठिन बनी हुई है।

वैश्विक असर
इस युद्ध का असर केवल यूक्रेन और रूस तक सीमित नहीं है।
ऊर्जा बाजार में अस्थिरता
वैश्विक महंगाई पर दबाव
खाद्यान्न आपूर्ति श्रृंखला पर प्रभाव
इन सभी कारणों से अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता लगातार बढ़ रही है।
रूस-यूक्रेन युद्ध फिलहाल खत्म होता नहीं दिख रहा। हमले तेज हैं, समर्थन जारी है, लेकिन शांति की कोशिशें अब भी अनिश्चितता के दौर में हैं। आने वाले दिनों में यह संघर्ष वैश्विक राजनीति और अर्थव्यवस्था दोनों के लिए अहम चुनौती बना रहेगा।




