
सूरजपुर जिले में वन विभाग से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां बिना नंबर प्लेट के ट्रैक्टर-ट्रॉली से लकड़ी का परिवहन किया जा रहा था। ओवरलोड होने के कारण एक ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे के दौरान पीछे से आ रहे बाइक सवार बाल-बाल बच गए। घटना का वीडियो सामने आने के बाद परिवहन में बरती गई लापरवाही पर सवाल उठ रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, बसदेई स्थित नवोदय विद्यालय परिसर से गुलमोहर की लकड़ियां काटकर फॉरेस्ट ऑफिस सूरजपुर ले जाई जा रही थीं। इसके लिए दो ट्रैक्टर-ट्रॉली का उपयोग किया गया। प्रत्यक्षदर्शियों का दावा है कि दोनों ट्रैक्टर बिना नंबर प्लेट के सार्वजनिक सड़क पर चल रहे थे।

बताया जा रहा है कि एक ट्रैक्टर सुरक्षित फॉरेस्ट ऑफिस पहुंच गया, जबकि दूसरा ट्रैक्टर वार्ड क्रमांक-07 के पास ऊंची सड़क पर चढ़ते समय ओवरलोड होने के कारण पीछे की ओर लुढ़क गया और अनियंत्रित होकर पलट गया। उसी दौरान पीछे से आ रहे बाइक सवारों ने समय रहते खुद को बचा लिया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।

घटना का वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने सवाल उठाए हैं कि बिना नंबर प्लेट और ओवरलोड वाहन आखिर किसके निर्देश पर सड़क पर चलाए जा रहे थे। नियमों के अनुसार सार्वजनिक सड़क पर चलने वाले प्रत्येक वाहन का पंजीकरण और नंबर प्लेट होना अनिवार्य है तथा ओवरलोडिंग भी कानून का उल्लंघन है।
हालांकि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन वीडियो सामने आने के बाद पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार अधिकारियों व वाहन संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। अब देखना होगा कि वन विभाग और प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाते हैं।



