
रायगढ़ में ट्रेलर डाला चोरी के मामले का कोतवाली पुलिस ने महज 10 दिनों में खुलासा कर दिया है। पुलिस ने करीब 300 सीसीटीवी फुटेज खंगालकर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। चोरी किए गए डाला और इंजन समेत करीब 21 लाख रुपये की संपत्ति बरामद की गई है। वहीं वारदात में इस्तेमाल करीब 8 लाख रुपये कीमत की नीले रंग की कार भी पुलिस ने जब्त की है।
मामला रायगढ़ के सीएमओ तिराहा इलाके का है, जहां 27 जुलाई की रात सड़क किनारे खड़ा ट्रेलर डाला चोरी हो गया था। वाहन मालिक की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों में लगे करीब 300 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले।
सीसीटीवी फुटेज में चोरी का डाला दूसरे ट्रेलर के इंजन से जोड़कर ले जाते हुए दिखाई दिया। खास बात यह रही कि चोरी किए गए डाला की पायलेटिंग एक नीले रंग की कार कर रही थी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के जरिए दोनों वाहनों के रूट को ट्रेस किया। आरोपी मुख्य मार्ग और टोल नाकों से बचने के लिए कच्चे और बाईपास रास्तों से रायपुर पहुंचे थे।
तकनीकी साक्ष्यों और आरटीओ रिकॉर्ड के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची। पूछताछ में आरोपियों ने अपने तीन साथियों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया। पुलिस के मुताबिक चोरी का डाला रायपुर में 4 लाख 30 हजार रुपये में बेच दिया गया था। पतासाजी के बाद पुलिस ने चोरी का डाला और इंजन बिलासपुर जिले के बेलतरा से बरामद कर लिया।
पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल नीले रंग की कार भी जब्त की है। इसके अलावा आरोपियों के मोबाइल फोन और अन्य साक्ष्य भी पुलिस ने अपने कब्जे में लिए हैं। गिरफ्तार तीनों आरोपी ड्रायवरी के पेशे से जुड़े बताए गए हैं। वहीं चोरी का डाला खरीदने वाला एक आरोपी फिलहाल फरार है, जिसकी तलाश पुलिस लगातार कर रही है।

बाइट:
श्री अनिल कुमार सोनी, एडिशनल एसपी रायगढ़
फिलहाल कोतवाली पुलिस ने करीब 300 सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से ट्रेलर डाला चोरी के मामले का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने चोरी का डाला और इंजन समेत करीब 21 लाख रुपये की संपत्ति बरामद की है। वहीं चोरी का डाला खरीदने वाले फरार आरोपी की तलाश जारी है।




