
लोकेशन: रायगढ़ | छत्तीसगढ़ / रिपोर्टर: ललिता बरेठ
रायगढ़ पुलिस ने “ऑपरेशन आघात” के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए नकली शराब के एक संगठित नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। कोतरारोड़ थाना क्षेत्र के ग्राम धनागर में पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर भारी मात्रा में नकली एवं मिलावटी शराब जब्त की है। मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जबकि दो अन्य आरोपी फरार बताए जा रहे हैं।



पुलिस को सूचना मिली थी कि ग्राम धनागर निवासी दुष्यंत पटेल उर्फ पप्पू द्वारा बड़े पैमाने पर नकली शराब तैयार कर बाजार में खपाई जा रही है। सूचना के सत्यापन के बाद पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम ने आरोपी के ठिकाने पर दबिश दी।
जांच के दौरान शराब के लेबल, होलोग्राम और गुणवत्ता संदिग्ध पाए जाने पर पुलिस ने व्यापक तलाशी अभियान चलाया। छापेमारी के दौरान 869 नग विभिन्न पैमानों की लगभग 240 लीटर नकली शराब बरामद की गई, जिसकी अनुमानित कीमत 2 लाख 16 हजार 245 रुपये आंकी गई है।


कार्रवाई के दौरान पुलिस ने शराब पैकिंग में उपयोग होने वाले 560 ढक्कन, स्प्रिट से भरे ड्रम, केटली और बड़ी संख्या में खाली बोतलें भी जब्त की हैं। पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि वह अपने साथियों सुभाष पटेल और विनय सिंह के साथ मिलकर अरुणाचल प्रदेश, झारखंड और छत्तीसगढ़ से शराब लाकर उसमें स्प्रिट और अन्य पदार्थ मिलाते थे।
इसके बाद पुराने बोतलों में नकली लेबल और डुप्लीकेट होलोग्राम लगाकर ब्रांडेड शराब के नाम पर बाजार में बेचा जाता था। आरोपी ने बताया कि यह अवैध कारोबार कोरोना काल से लगातार संचालित किया जा रहा था।


पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता और आबकारी अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। वहीं फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने कहा कि रायगढ़ पुलिस अवैध शराब कारोबारियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है और आम जनता की जान से खिलवाड़ करने वाले ऐसे गिरोहों के खिलाफ ऑपरेशन आघात के तहत लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।




