
सक्ती जिले के डभरा ब्लॉक के ग्राम निमोही से बड़ी खबर सामने आई है। यहां RKM पावर प्लांट द्वारा रेलवे लाइन निर्माण के दौरान शासकीय तालाब को पाटने के मामले में तहसील प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। शिकायत और समाचार प्रकाशित होने के बाद जिला कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के निर्देश दिए थे। जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद प्रशासन ने पावर प्लांट पर 10 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है।


जानकारी के मुताबिक, ग्राम निमोही में RKM पावर प्लांट की ओर से रेलवे लाइन का निर्माण कराया जा रहा है। निर्माण के रास्ते में आने वाले एक शासकीय तालाब का पानी मोटर पंप के जरिए निकालने के बाद कथित तौर पर बिना शासकीय अनुमति के तालाब में मिट्टी भर दी गई।
मामला सामने आने के बाद जिला कलेक्टर ने तत्काल संज्ञान लेते हुए एसडीएम डभरा को जांच के निर्देश दिए। तहसीलदार मनमोहन प्रताप सिंह के नेतृत्व में राजस्व टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जांच में शासकीय तालाब में मिट्टी भरने की बात सही पाए जाने के बाद तहसील प्रशासन ने RKM पावर प्लांट के खिलाफ कार्रवाई की।
प्रशासन ने पावर प्लांट पर 10 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। इसके साथ ही एक सप्ताह के भीतर तालाब में भरी गई मिट्टी को हटाकर उसे पूर्व स्थिति में बहाल करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

बाइट:
मनमोहन प्रताप सिंह, तहसीलदार डभरा
बताया जा रहा है कि जिले में शासकीय भूमि और संपत्ति से जुड़े मामले में किसी पावर प्लांट के खिलाफ यह एक अहम प्रशासनिक कार्रवाई है। तहसील प्रशासन की कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों ने भी इसे शासकीय संपत्ति के संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया है।
फिलहाल प्रशासन ने पावर प्लांट को निर्धारित समय सीमा के भीतर तालाब को पूर्व स्थिति में बहाल करने के निर्देश दिए हैं। अब देखना होगा कि संबंधित संस्था प्रशासन के आदेश का पालन कितनी जल्दी करती है।




