
रायगढ़ जिले के लैलूंगा थाना क्षेत्र में हुए सनसनीखेज अंधे कत्ल का पुलिस ने महज 72 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस की वैज्ञानिक जांच, घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और डॉग स्क्वॉड की मदद से हत्या की गुत्थी सुलझ गई। हैरानी की बात यह रही कि हत्या किसी बाहरी व्यक्ति ने नहीं, बल्कि मृतक के करीबी दोस्त ने आपसी विवाद में की थी। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

मामला लैलूंगा थाना क्षेत्र के ग्राम भकुर्रा का है, जहां 23 वर्षीय रामनाथ उर्फ सोनू चौहान का शव उसके घर की परछी में खून से लथपथ मिला था। शव के पास भारी शील पत्थर पड़ा था, जिससे सिर और गर्दन पर वार कर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और आरोपी के गमछे के आधार पर पुलिस ने डॉग स्क्वॉड की मदद ली। पुलिस डॉग ‘रूबी’ ने सूंघते हुए मृतक के दोस्त भुवनेश्वर यादव तक पहुंचकर अहम सुराग दिए। हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि घटना वाले दिन दोनों साथ बैठकर खाना खा रहे थे और शराब पी रहे थे। इसी दौरान किसी बात को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद गुस्से में उसने घर में रखे भारी शील पत्थर से मृतक के सिर और गर्दन पर कई वार कर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना के समय पहने कपड़े भी बरामद किए हैं।
पुलिस जांच में हत्या का अपराध प्रमाणित होने पर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार आरोपी पहले भी दुष्कर्म के एक मामले में जेल जा चुका है। इस अंधे कत्ल का खुलासा करने में लैलूंगा पुलिस, डॉग स्क्वॉड और डॉग मास्टर वीरेन्द्र अनंत की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिनकी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने सराहना करते हुए पुरस्कृत करने की घोषणा की है।

बाइट:
शशि मोहन सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, रायगढ़
महज 72 घंटे में अंधे कत्ल का खुलासा कर रायगढ़ पुलिस ने त्वरित और साक्ष्य-आधारित जांच का उदाहरण पेश किया है। पुलिस का कहना है कि जिले में गंभीर अपराधों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।




