
सूरजपुर जिले के सिलफिली स्थित राधा महिला क्लस्टर संगठन में वित्तीय अनियमितता और कर्मचारियों के कथित मानसिक उत्पीड़न का मामला सामने आया है। बैंक मित्र अर्चना मंडल सहित कई महिला सदस्यों ने जिला कलेक्टर और जिला पंचायत सीईओ को लिखित शिकायत सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।


शिकायत में आरोप लगाया गया है कि वर्ष 2024-25 के वीपीआरपी और लोकोस सर्वे के मानदेय वितरण में अनियमितता की गई। आरोप है कि बिना कार्य करने वाले कुछ सदस्यों के खातों में राशि भेजी गई, जबकि वास्तविक कार्य करने वाले कैडरों का मानदेय या तो रोक दिया गया या उसमें कटौती कर दी गई।


शिकायतकर्ताओं का यह भी आरोप है कि वर्ष 2021 से 2026 तक के वित्तीय रिकॉर्ड और बैंक खातों की जानकारी मांगने पर उन्हें डराया-धमकाया गया। साथ ही संगठन में पारदर्शिता नहीं बरती जा रही है।

बाइट:
अर्चना मंडल, छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक मित्र, सिलफिली
अर्चना मंडल का आरोप है कि भ्रष्टाचार का विरोध करने पर 27 जुलाई 2026 को आयोजित समीक्षा बैठक में उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया और नौकरी से निकालने की धमकी दी गई। शिकायत में कुछ पदाधिकारियों पर नियमों के विपरीत दोहरे पदों पर कार्य कर अनुचित लाभ लेने का भी आरोप लगाया गया है।


महिला सदस्यों ने यह भी आरोप लगाया है कि कैडरों को यात्रा भत्ता (टीए) और अन्य प्रोत्साहन राशि का भी नियमित भुगतान नहीं किया गया। उन्होंने वर्ष 2021 से 2026 तक के सभी वित्तीय लेन-देन की उच्च स्तरीय जांच कराने और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल शिकायत जिला प्रशासन को सौंप दी गई है। मामले में जांच के बाद ही आरोपों की पुष्टि हो सकेगी। शिकायतकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि समय पर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई नहीं हुई, तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे।




