
दीपक वर्मा – जशपुर / लोकेशन – जशपुर/पत्थलगांव
जशपुर जिले में शासन की महत्वाकांक्षी जवाहरलाल नेहरू उत्कर्ष योजना में फर्जीवाड़े का बड़ा मामला सामने आया है।
एक शासकीय शिक्षक ने अपनी वास्तविक आय छुपाकर गरीब विद्यार्थियों के लिए बनी योजना का लाभ अपनी पुत्री को दिला दिया। जांच में मामला सही पाए जाने पर पुलिस ने आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
वीओ- मामला पत्थलगांव थाना क्षेत्र का है, जहां ग्राम जामझोर निवासी शासकीय शिक्षक चमर साय पैकरा पर आरोप है कि उसने अपनी वार्षिक आय करीब 6 लाख 79 हजार रुपये होने के बावजूद केवल 75 हजार रुपये वार्षिक आय दर्शाकर आय प्रमाण पत्र बनवाया। इसके आधार पर उसने अपनी पुत्री का प्रवेश शैक्षणिक सत्र 2024-25 में जवाहरलाल नेहरू उत्कर्ष योजना के तहत कक्षा छठवीं में निःशुल्क कराया। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने शिक्षा विभाग, आदिवासी विकास विभाग और अन्य अभिलेखों की जांच की। जांच में सामने आया कि आरोपी ने गलत जानकारी और मिथ्या शपथ पत्र देकर योजना का लाभ लिया। इससे वास्तविक गरीब और प्रतिभावान विद्यार्थियों के अधिकार प्रभावित हुए।



पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर पत्थलगांव पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
देखा जाए तो गरीब और मेधावी विद्यार्थियों के लिए बनाई गई योजना में इस तरह की धोखाधड़ी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी हुई है।




