
रायगढ़ पुलिस ने ऑपरेशन अंकुश के तहत अवैध जुए के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए रायगढ़-कोरबा बॉर्डर के धसकामुड़ा गांव में पांच जुआ फड़ों पर एक साथ छापेमारी की। इस कार्रवाई में 33 जुआरियों को गिरफ्तार किया गया है। मौके से करीब 90 लाख रुपये कीमत के सात चारपहिया वाहन, 57 हजार 140 रुपये नकद और जुए में इस्तेमाल होने वाली सामग्री जब्त की गई है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चल रहे ऑपरेशन अंकुश के तहत छाल पुलिस को सूचना मिली थी कि धसकामुड़ा मेला स्थल के बाहर बड़े पैमाने पर खुडखुडिया जुआ संचालित किया जा रहा है। सूचना के आधार पर एडिशनल एसपी अनिल सोनी और एसडीओपी प्रभात पटेल के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी नासिर खान के नेतृत्व में पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी कर पांच अलग-अलग जुआ फड़ों पर एक साथ दबिश दी।

पुलिस कार्रवाई के दौरान 33 जुआरियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। मौके से एक इनोवा, दो बोलेरो, दो अर्टिगा, एक किया और एक ऑल्टो कार सहित लगभग 90 लाख रुपये मूल्य के वाहन जब्त किए गए। इसके अलावा 57 हजार 140 रुपये नकद, पांच गैस लाइट और खुडखुडिया जुआ खेलने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री भी बरामद की गई।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी घरघोड़ा, तमनार, डभरा और जैजैपुर क्षेत्र के निवासी हैं। सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धारा 6 के तहत पांच अलग-अलग प्रकरण दर्ज किए गए हैं। आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेजने की प्रक्रिया जारी है।

बाइट
शशि मोहन सिंह, एसएसपी रायगढ़
“रायगढ़ जिले में अवैध जुआ, सट्टा और अन्य असामाजिक गतिविधियों के खिलाफ ऑपरेशन अंकुश के तहत लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। कानून व्यवस्था भंग करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।”
रायगढ़ पुलिस की इस कार्रवाई को अवैध जुआ नेटवर्क पर बड़ा प्रहार माना जा रहा है। पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन अंकुश के तहत जिलेभर में जुआ, सट्टा और अन्य अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।




